ITR Filing 2026: जून की ये 5 तारीखें टैक्सपेयर्स के लिए हैं महत्वपूर्ण

ITR Filing 2026: जून की ये 5 तारीखें टैक्सपेयर्स के लिए हैं महत्वपूर्ण

जून 2026 का महीना टैक्सपेयर्स के लिए सिर्फ गर्मी ही नहीं, बल्कि आयकर अनुपालन (tax compliance) का एक अहम चरण है। अगर आप ITR Filing 2026 की तैयारी कर रहे हैं, तो इस महीने की कुछ खास तारीखों को कैलेंडर पर निशान लगा देना जरूरी है। विशेष रूप से 7 जून, 14 जून, 15 जून और 30 जून जैसे दिन ऐसे हैं जिनसे छूट जाना महंगा पड़ सकता है।

क्या आप जानते हैं कि 15 जून तक न भरने वाले एडवांस टैक्स पर ब्याज लग सकता है? या फिर फॉर्म 16 न मिलने की वजह से गलत ITR फाइल करने पर नोटिस आ सकता है? आइए जानते हैं कि इस महीने आपको क्या-क्या करना है और क्यों।

15 जून: सबसे क्रांतिकारी तारीख

जून के महीने में सबसे ज्यादा ध्यान 15 जून 2026 की ओर जाएगा। यह दोहरा काम करने वाली तारीख है। पहला, सभी नियोक्ताओं (employers) को अपने कर्मचारियों को Income Tax Department के नियमानुसार फॉर्म 16 जारी करना होगा। दूसरा, उन टैक्सपेयर्स के लिए जिनकी अनुमानित टैक्स देनदारी ₹10,000 से अधिक है, एडवांस टैक्स की पहली किश्त भरनी होगी।

Upstox Hindi की रिपोर्ट के अनुसार, फॉर्म 16 में पूरे वित्त वर्ष 2025-26 की सैलरी, कटे हुए TDS और छूटों की पूरी जानकारी होती है। यह दस्तावेज आपकी ITR फाइलिंग का आधार होता है। इसलिए, बिना फॉर्म 16 के जल्दबाजी में रिटर्न भरना एक बड़ी गलती साबित हो सकती है।

एडवांस टैक्स की पहली किश्त

वित्त वर्ष 2026-27 के लिए एडवांस टैक्स का भुगतान चार किश्तों में होता है। 15 जून 2026 तक आपको कुल टैक्स लायबिलिटी का कम से कम 15% हिस्सा जमा करना अनिवार्य है। ClearTax के अनुसार, यदि आप इस समयसीमा का पालन नहीं करते हैं, तो Income-tax Act के सेक्शन 234B और 234C के तहत मासिक 1% का ब्याज (interest penalty) लग सकता है।

  • 15 जून: 15% टैक्स लायबिलिटी
  • 15 सितंबर: 45% टैक्स लायबिलिटी
  • 15 दिसंबर: 75% टैक्स लायबिलिटी
  • 31 मार्च: 100% टैक्स लायबिलिटी

TDS और STT जमा करने की डेडलाइन: 7 जून

कंपनियों और व्यापारियों के लिए 7 जून 2026 एक महत्वपूर्ण तिथि है। इस दिन तक मई 2026 में वसूल किए गए Security Transaction Tax (STT) और Commodity Transaction Tax (CTT) को सरकारी खाते में जमा करना होता है। साथ ही, मई में कटे TDS/TCS की राशि भी इसी दिन तक डिपॉजिट करनी होती है।

GNTTV की रिपोर्ट में चेतावनी दी गई है कि यदि इन राशियों को समय पर जमा नहीं किया जाता है, तो जुर्माना भुगताना पड़ सकता है। यह नियम विशेष रूप से उन व्यवसायों पर लागू होता है जो स्टॉक मार्केट या कॉमोडिटी ट्रेडिंग में सक्रिय हैं।

फॉर्म 16 और AIS: डेटा मैचिंग क्यों जरूरी?

अक्सर लोग सोचते हैं कि ITR पोर्टल खुलते ही वे अपना रिटर्न भर दें। लेकिन Moneycontrol और ABP Live जैसे स्रोतों की सलाह है कि कम से कम जून के मध्य तक इंतजार करें। कारण स्पष्ट है: बैंक और फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस अपनी क्वार्टरली TDS रिटर्न 31 मई तक फाइल करते हैं, जिसके बाद Form 26AS और Annual Information Statement (AIS) में डेटा अपडेट होता है।

LinkedIn पर अपनी पोस्ट में टैक्स विशेषज्ञ Ryan Vaz ने लिखा है, "15 जून तक आपको फॉर्म 16 प्राप्त हो जाना चाहिए। इसे AIS और फॉर्म 26AS से मिलाएं, और तभी ITR फाइल करें।" डेटा मिसमैच होने पर आयकर विभाग से नोटिस आने की संभावना बढ़ जाती है, जो प्रक्रिया को जटिल बना सकता है।

30 जून: स्क्रूटनी नोटिस का खतरा?

अगर आपने पहले ही अपना ITR फाइल कर दिया है, तो 30 जून 2026 की तारीख पर ध्यान दें। Prabhat Khabar की रिपोर्ट के अनुसार, आयकर विभाग इस दिन तक कुछ रिटर्न्स को जांच (scrutiny) के लिए चुन सकता है और सेक्शन 143(2) के तहत नोटिस भेज सकता है। हालांकि, यह सभी टैक्सपेयर्स के लिए लागू नहीं है, लेकिन यह उस समूह के लिए एक चेतावनी है जो अपनी आय की घोषणा में कोई लापरवाही कर बैठे हैं।

ITR फाइलिंग की अंतिम तारीख कब है?

हालांकि जून महत्वपूर्ण है, लेकिन असली अंतिम तारीख अभी बाकी है। अधिकांश नॉन-ऑडिट केसों के लिए Assessment Year 2026-27 का ITR फाइल करने की अंतिम तारीख 31 जुलाई 2026 है। ऑडिट केसों के लिए यह तारीख 31 अगस्त 2026 तक बढ़ाई जा सकती है। इसलिए, जून में अपनी तैयारियां पूरी कर लें ताकि जुलाई में किसी तनाव के बिना रिटर्न सबमिट किया जा सके।

Frequently Asked Questions

क्या मुझे 15 जून से पहले ITR फाइल करना चाहिए?

नहीं, विशेषज्ञों की सलाह है कि 15 जून तक इंतजार करें। इस दिन तक आपको फॉर्म 16 प्राप्त हो जाना चाहिए और आपके AIS/Form 26AS में बैंक द्वारा जमा किया गया TDS डेटा अपडेट हो जाना चाहिए। इससे डेटा मिसमैच से बचा जा सकता है।

एडवांस टैक्स कौन भरने वाला है?

उन सभी टैक्सपेयर्स (नौकरीपेशा, फ्रीलैंसर, व्यवसायी) को एडवांस टैक्स भरना होता है जिनकी वार्षिक टैक्स देनदारी TDS/TCS की कटौती के बाद ₹10,000 से अधिक है। पहली किश्त 15 जून 2026 तक 15% भरनी होगी।

अगर मैं एडवांस टैक्स समय पर नहीं भरता तो क्या होगा?

यदि आप निर्धारित समय पर एडवांस टैक्स नहीं भरते हैं, तो आयकर अधिनियम के सेक्शन 234B और 234C के तहत आपको मासिक 1% का ब्याज (interest) देना पड़ सकता है। यह ब्याज आपके कुल टैक्स बोझ को बढ़ा देगा।

फॉर्म 16 और फॉर्म 26AS में क्या अंतर है?

फॉर्म 16 एक सर्टिफिकेट है जिसे आपका नियोक्ता जारी करता है और इसमें आपकी सैलरी और कटा हुआ TDS दर्ज होता है। वहीं, फॉर्म 26AS एक कंसोलिडेटेड लेजर है जो आयकर पोर्टल पर उपलब्ध होता है और इसमें सभी स्रोतों (सैलरी, ब्याज, अन्य) से कटे TDS का रिकॉर्ड होता है। ITR फाइल करने से पहले दोनों का मिलान जरूरी है।

ITR फाइलिंग की अंतिम तारीख क्या है?

आमतौर पर, नॉन-ऑडिट केसों के लिए ITR फाइल करने की अंतिम तारीख 31 जुलाई 2026 है। हालांकि, जून में अपनी तैयारियां पूरी कर लेना बेहतर है ताकि किसी भी तकनीकी समस्या या डेटा अपडेट की वजह से देरी न हो।