पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान, मुख्यमंत्री of पंजाब सरकार ने हाल ही में एक विस्तृत रिपोर्ट पेश की है जो राज्य में नशे और अपराध के खिलाफ लड़ाई की सफलता को दर्शाती है। मार्च 2022 से मार्च 2026 तक के इस 4 साल के समय अवधि में, सरकार ने 95,881 नशा तस्करों को गिरफ्तार किया है और 772 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति जब्त की गई है। यह आंकड़ा सिर्फ एक संख्या नहीं है, बल्कि यह राज्य की युवा पीढ़ी को नशे के खतरनाक प्रभाव से बचाने के लिए किए गए संकल्प को दर्शाता है।
मुख्य आंकड़े और उपलब्धियां
रिपोर्ट के अनुसार, 'युद्ध नशेन विरुद्ध' अभियान के तहत 71,228 एफआईआर दर्ज किए गए हैं। यह आंकड़ा बताता है कि पुलिस ने कितनी गंभीरता से इस मुद्दे को लिया है। न केवल लोग गिरफ्तार हुए, बल्कि 6,109 बड़ी ड्रग शिपमेंट भी पकड़े गए। इसमें 5,625 किलोग्राम हीरोइन और 3,461 किलोग्राम अफीम शामिल है।
दिलचस्प बात यह है कि 4.96 करोड़ इंजेक्शन और गोली भी जब्त की गईं, जो दर्शाता है कि नशा बिक्री की श्रृंखला कितनी व्यापक थी। पंजाब सरकार ने इन आंकड़ों को सार्वजनिक किया है ताकि जनता को यह संदेश मिले कि नशे के खिलाफ कोई कानून नहीं चलेगा।
एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स की भूमिका
अपराध नियंत्रण के लिए बनाई गई एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स (AGTF) ने भी बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। 6 अप्रैल 2022 से अब तक, इस टास्क फोर्स ने 2,858 गैंगस्टरों को गिरफ्तार किया है। इनमें से 35 गैंगस्टरों को न्यूट्रलाइज किया गया और 1,105 गैंग्स को पूरी तरह से भंग किया गया।
इसके अलावा, 2,267 हथियार और 655 गाड़ियां भी बरामद हुईं। टास्क फोर्स ने 38 बड़े मामलों को सुलझाया, जिनमें हत्या, ब्लैकमेल और बैंक लूट शामिल हैं। यह दिखाता है कि सिर्फ नशा ही नहीं, बल्कि संगठित अपराध पर भी कड़ा नियंत्रण बना रहा है।
सीमा सुरक्षा और एंटी-ड्रोन तकनीक
पंजाब की स्थिति खास है क्योंकि यह भारत-पाकिस्तान सीमा पर लगभग 560 किलोमीटर की लंबाई में फैला है। यहाँ से नशा और हथियारों की तस्करी का खतरा हमेशा बना रहता है। मुख्यमंत्री मान ने बताया कि पंजाब ने एंटी-ड्रोन सिस्टम का इस्तेमाल किया है, जो भारत का पहला ऐसा राज्य है।
इस तकनीक की वजह से 806 ड्रोन पकड़े गए और 1,472 ड्रोन उड़ानों को रोक दिया गया। 341 अवैध हथियार भी ड्रोन के जरिए ही पकड़े गए। सरकार ने सीमा पर 2,367 सीसीटीवी कैमरे भी लगाए हैं ताकि कोई तस्करी छिप न सके। यह प्रयास केंद्र सरकार की मदद के बिना राज्य के अपने संसाधनों से किया गया, जो काफी बड़ी बात है।
राजनीतिक प्रतिक्रिया और भविष्य की योजनाएं
14 मार्च 2026 को, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने मोहाली में बड़लाव रैली में पंजाब की स्थिति पर चिंता जताई थी। उन्होंने नशे, गैंगस्टर और भ्रष्टाचार के मुद्दों को उठाया। इसके जवाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि उनकी सरकार ने कोई कोमलता नहीं दिखाई है।
सरकार ने 'वॉर एगेंस्ट ड्रग्स 2.0' लॉन्च किया है। इसमें नशे के तस्करों की संपत्ति जब्त करना भी शामिल है। मान ने कहा कि चाहे कोई भी कितना भी बड़ा क्यों न हो, नशे के खिलाफ कानून सब पर लागू होगा। 21 मार्च 2026 को उन्होंने रिपोर्टरों से कहा कि 10,000 से अधिक तस्करों को गिरफ्तार किया गया है और उनकी संपत्ति जब्त की गई है।
पुलिस बुनियादी ढांचे में सुधार
अपराध को रोकने के लिए पुलिस को सशक्त बनाना भी जरूरी है। पंजाब सरकार ने 450 थानों के थाना प्रभारी (SHO) को नई गाड़ियां दी हैं और 508 पीसीआर कंट्रोल रूमों को सुदृढ़ किया है। यह सुधार सुनिश्चित करता है कि पुलिस जमीन पर तेजी से कार्रवाई कर सके।
पुलिस ने हाल ही में एक statewide Cordon and Search Operation (CASO) भी किया था। इस दौरान 831 जगहों पर छापा मारा गया और 227 तस्करों को गिरफ्तार किया गया। यह दिखाता है कि अभियान अभी भी जारी है और रुका नहीं है।
Frequently Asked Questions
नशा मुक्ति अभियान में अब तक कितने लोगों को गिरफ्तार किया गया है?
मार्च 2022 से मार्च 2026 तक के 4 सालों में कुल मिलाकर 95,881 नशा तस्करों और आपूर्तिकर्ताओं को गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा, 71,228 एफआईआर दर्ज की गई हैं जो इस अभियान की गंभीरता को दर्शाती हैं।
एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स ने कितने हथियार जब्त किए?
एंटी-गैंगस्टर टास्क फोर्स ने अब तक 2,267 हथियार और 655 गाड़ियां जब्त की हैं जो अपराधियों द्वारा इस्तेमाल की जा रही थीं। इसके साथ ही 1,105 गैंग्स को पूरी तरह से भंग किया गया है।
सीमा सुरक्षा के लिए कौन सी नई तकनीक इस्तेमाल की गई?
पंजाब ने एंटी-ड्रोन सिस्टम का इस्तेमाल किया है, जो भारत में पहला ऐसा राज्य है। इससे 806 ड्रोन पकड़े गए और 341 अवैध हथियार जब्त किए गए जो ड्रोन के जरिए तस्करी किए जा रहे थे।
सरकार ने नशा तस्करों की संपत्ति जब्त करने की घोषणा की है?
हाँ, सरकार ने 772 करोड़ रुपये की अवैध संपत्ति जब्त की है। मुख्यमंत्री ने कहा कि नशे के पैसों से बनी संपत्ति को जब्त किया जाएगा और कानून की कोई कोमलता नहीं दिखाई जाएगी।